मत करना कभी भी ग़ुरूर अपने आप पर ‘ऐ इंसान’

चिड़िया जब जीवित रहती है तब
वो चिंटी को खाती है चिड़िया जब मर जाती है तब
चींटिया उसको खा जाती है। इसलिए इस बात का ध्यान
रखो की समय और स्तिथि कभी भी बदल सकते है इसलिए
कभी किसी का अपमान मत करो कभी किसी को कम मत आंको।
तुम शक्तिशाली हो सकते हो पर समय तुमसे भी शक्तिशाली है।
एक पेड़ से लाखो माचिस की तीलिया बनाई जा सकती है पर एक
माचिस की तिल्ली से लाखो पेड़ भी जल सकते है।
कोई चाहे कितना भी महान क्यों ना हो जाए, पर कुदरत
कभी भी किसी को महान बनने का मौका नहीं देती।
*कंठ दिया कोयल को, तो रूप छीन लिया ।
*रूप दिया मोर को, तो ईच्छा छीन ली ।
*दी ईच्छा इन्सान को, तो संतोष छीन लिया ।
*दिया संतोष संत को, तो संसार छीन लिया ।
*दिया संसार चलाने देवी-देवताओं को, तो उनसे भी मोक्ष छीन
लिया ।
*मत करना कभी भी ग़ुरूर अपने आप पर ‘ऐ इंसान’ भगवान ने तेरे
और मेरे जैसे कितनो को मिट्टी से बना के, मिट्टी में मिला दिए । pls share it